‘एक पाती अलवर के नाम’ | 03.08.2026

03/08/2026

BLOG

Read in English | Read in Hindi

सावन का पावन माह आदिदेव भगवान शिव की आराधना, अटूट श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा का प्रतीक है। आज सावन के प्रथम सोमवार के शुभ अवसर पर महादेव से यही प्रार्थना है कि वे आप सभी के जीवन में सुख, समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य और खुशहाली का आशीर्वाद प्रदान करें।

मेरे लिए तो सोमवार यूँ भी खास है क्योंकि सोमवार को यह पत्र लिखकर आपसे जुड़ता हूँ और क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों और हमारी साझा उपलब्धियों की जानकारी आपको सीधे देता हूँ। यह पाती केवल शब्दों का संग्रह नहीं, बल्कि विकास के उस सतत सफर की झलक है, जिसे हम सभी के सहयोग, विश्वास और सहभागिता से आगे बढ़ा रहे हैं।

आपको यह बताते हुए खुश हूँ कि विगत सप्ताह रामगढ़ में सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र को उपजिला अस्पताल में क्रमोन्नत करने की घोषणा के बाद भवन निर्माण के लिए भूमि संबंधी बाधा दूर कर दी गयी है। चिकित्सा विभाग द्वारा नए भवन के निर्माण के लिए ₹16.90 करोड़ की वित्तीय एवं प्रशासनिक स्वीकृति भी जारी कर दी गई है।

नए भवन के निर्माण से रामगढ़ और आसपास के क्षेत्र के नागरिकों को आधुनिक एवं बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएँ उपलब्ध होंगी तथा गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवाएँ उनके घर के निकट ही सुलभ हो सकेंगी। यह क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था को और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

अलवर के नटनी का बारा क्षेत्र के लिए भी एक महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। यहाँ निर्माणाधीन पुल परियोजना को गति देने के लिए हाईटेंशन विद्युत लाइन को शिफ्ट करने हेतु ₹1.60 करोड़ की राशि स्वीकृत कर दी गई है।

लगभग ₹8 करोड़ की लागत से बन रहे इस पुल का निर्माण कार्य हाईटेंशन लाइन के स्थानांतरण के बाद और तेजी से आगे बढ़ सकेगा। पुल के पूर्ण होने पर देवनारायण मंदिर आने-जाने वाले श्रद्धालुओं सहित स्थानीय नागरिकों को सुगम, सुरक्षित और सुविधाजनक आवागमन का लाभ मिलेगा। यह परियोजना क्षेत्र की आधारभूत संरचना को सुदृढ़ करने और जनसुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

अलवर की ऐतिहासिक धरोहरों को नया स्वरूप देने की दिशा में भी इस सप्ताह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल हुई है। डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जिला उत्थान योजना के अंतर्गत ऐतिहासिक लाल डिग्गी को पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने की लंबे समय से लंबित योजना को गति मिली है। इस परियोजना के तहत ₹3.40 करोड़ के विकास कार्यों का वर्क ऑर्डर जारी कर दिया गया है। इसमें से ₹1.70 करोड़ की राशि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जिला उत्थान योजना के अंतर्गत उपलब्ध कराई जाएगी तथा शेष ₹1.70 करोड़ की कन्वर्जेन्स राशि का वहन न्यास द्वारा किया जाएगा।

इस विकास कार्य के पूर्ण होने पर लाल डिग्गी में म्यूजिकल फाउंटेन, लाइट एंड साउंड शो, फूड पार्क सहित अनेक आधुनिक सुविधाएँ विकसित की जाएँगी। इससे न केवल अलवर की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत को नया आयाम मिलेगा, बल्कि पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा, स्थानीय रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और नागरिकों को एक आकर्षक सार्वजनिक स्थल उपलब्ध होगा।

जैसा कि आप सभी जानते हैं, अलवर की सरस डेयरी गुणवत्ता, शुद्धता और उत्कृष्टता के नए कीर्तिमान स्थापित कर रही है। आधुनिक तकनीक, बेहतर प्रबंधन और साफ़ नीयत के साथ किए जा रहे निरंतर प्रयासों के सकारात्मक परिणाम अब आँकड़ों में भी स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं।

मुझे यह बताते हुए प्रसन्नता हो रही है कि जुलाई 2025 में जहाँ दुग्ध संकलन 84,364 लीटर था, वहीं जुलाई 2026 में यह बढ़कर 1,15,635 लीटर तक पहुँच गया। यह उल्लेखनीय वृद्धि डेयरी क्षेत्र में किए जा रहे सतत प्रयासों और किसानों के बढ़ते विश्वास का प्रमाण है।

दुग्ध संकलन में यह बढ़ोतरी केवल एक आँकड़ा नहीं, बल्कि हमारे दुग्ध उत्पादक किसानों की बढ़ती आय, पशुपालकों के सशक्तिकरण और अलवर की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिल रही नई मजबूती का प्रतीक है। मेरा विश्वास है कि इसी प्रकार के निरंतर प्रयासों से सरस डेयरी नई ऊँचाइयाँ प्राप्त करेगी और हमारे अन्नदाता एवं पशुपालक परिवारों की समृद्धि का मजबूत आधार बनेगी।

अलवर के विकास की यह यात्रा केवल योजनाओं और घोषणाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि उन सपनों को साकार करने का सतत प्रयास है, जो आप सभी ने अपने क्षेत्र के लिए देखे हैं। भगवान भोलेनाथ की कृपा आप सभी पर बनी रहे, आपका परिवार सुखी, स्वस्थ और समृद्ध रहे तथा हमारा अलवर निरंतर प्रगति और नई उपलब्धियों की ओर अग्रसर होता रहे।

 

आपका अपना

भूपेंद्र यादव